Sunday, 28 April 2019

नीमच बड़ीसादड़ी रेलवे लाइन जनता की उम्मीदों की किरण

बदलती बड़ी सादड़ी का आइना बनती बड़ी सादड़ी रेलवे लाइन-:
चित्तौड़गढ़ जिले की एक तहसील के रूप में बड़ी सादड़ी को आवागमन की दृष्टि से अत्यंत पिछड़ा हुआ क्षेत्र माना जाता है। 
लोग कहते हैं । यदि कोई व्यक्ति शाम के छः बजे बाद बड़ी सादड़ी आने की सोचें तो यह बहुत ही मुश्किल है। क्योंकि आवागमन के साधनों की कमी से बड़ी सादड़ी की जनता हमेशा जुझती रहीं हैं। 
ऐसे में मावली से बड़ी सादड़ी होते हुए भविष्य में चलने वाली नीमच बड़ी सादड़ी रेलवे लाइन जनता के लिए निश्चित रूप से  लाभदायक होगीं।
इस क्षैत्र के लोग को निश्चित रूप से रोजगार सृजन के अवसर उपलब्ध होगें।
बडीसादडी के इस रेलवे लाइन से नीमच तक जुड़ने पर  बड़ीसादड़ी का सीधा जुड़ाव मध्य भारत तक होगा। लोग नीमच से भोपाल इन्दौर होते हुए मध्य भारत से जुडेंगे। वहीं
मावली वाया उदयपुर होकर लोग अहमदाबाद होते हुए दक्षिण भारत से जुड़ सकेंगे।
बड़ीसादड़ी रेलवे लाइन सैन्यबल की दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकती हैं।
मध्य भारत की तमाम सैनिक छावनियों का सीधा जुड़ाव भारत पाकिस्तान बोर्डर से होगा ।
मावली से मारवाड़ जंक्शन तक ट्रेनों के आवागमन से सैन्य साजोसामान को जल्द सैनिकों तक पहुंचाने  मेंं यह रेलवे स्टेशन महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगा। इस नये रेलवे लाइन को बिछाने में सम्पूर्ण खर्च का वहन केन्द्र सरकार द्वारा किया जा रहा है। बड़ी सादड़ी से नीमच तक बनने वाले रेलवे लाइन के लिए कुल 475करोड़ रूपये खर्च होंगे।
इन दोनों शहरों के मध्य पांच रेलवे स्टेशन बनाए जाएंगे। तथा उक्त कार्य को पूर्ण करने का समय 2022निश्चित किया गया है।



इस रेलेवे लाइन के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले सासंद सीपी जोशी के अथक प्रयासों को भी भूला नहीं जा सकता हैं। 
बडीसादडी के वे समस्त स्वंयसेवी संगठन एंव अनगिनत व्यक्तित्व जिन्होंने इस कार्य में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका अदा की हैं। बधाई के पात्र हैं।
 पढ़ते रहिए अपना बड़ीसादड़ी ब्लॉग पोस्ट

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